खेती किसानी

खरीफ बुवाई ने पकड़ी रफ्तार, 1056.7 लाख हेक्टेयर में हुई खेती; धान का रकबा 3.2% घटा
सरकार ने खरीफ 2026 के लिए कुल 176.16 मिलियन टन खाद्यान्न उत्पादन का लक्ष्य रखा है। इसमें 8.4 मिलियन टन दलहन, 31.04 मिलियन टन मक्का और 13.56 मिलियन टन पोषक/मोटे अनाज का लक्ष्य शामिल है।

पॉपकॉर्न के लिए विदेशी बीजों पर कम होगी निर्भरता, कमाल करेंगे ये दो नये हाइब्रिड बीज
कंपनी के मुताबिक, भारत में प्रीमियम पॉपकॉर्न के लिए इस्तेमाल होने वाले मक्का के बीज और अनाज का एक बड़ा हिस्सा अमेरिका, अर्जेंटीना, ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों से आता रहा है।

274.09 लाख टन हुआ दलहन उत्पादन, आयात 12.92 लाख टन घटा; जानें मिशन के आंकड़े
दलहन उत्पादन बढ़ने के साथ इसकी खेती का क्षेत्रफल भी बढ़ा है। 2024-25 में दलहन का क्षेत्रफल 277.20 लाख हेक्टेयर था, जो 2025-26 में बढ़कर 286.46 लाख हेक्टेयर हो गया। यानी एक साल में दलहन की खेती का रकबा करीब 9.26 लाख हेक्टेयर बढ़ा है। इससे पता चलता है कि किसानों के बीच दलहन फसलों को लेकर रुचि बढ़ी है।

90 दिन में तैयार, लाल छिलके वाला बेबी आलू... जानिए क्या है 'कुफरी रूबी' की खासियत
आईसीएआर-सीपीआरआई, शिमला द्वारा विकसित कुफरी रूबी आलू की नई किस्म सिर्फ 90-100 दिनों में तैयार हो जाती है। यह किस्म 23-25 टन प्रति हेक्टेयर तक उत्पादन देती है और 90 दिनों में ही करीब 60% बेबी पोटैटो तैयार हो जाते हैं।

भाव के उतार-चढ़ाव से परेशान पाम किसान, तेलंगाना ने मांगा ₹25 हजार प्रति टन का गारंटीड रेट
पाम ऑयल की खेती दूसरी कई फसलों से अलग है। इसमें पौध लगाने के बाद उत्पादन शुरू होने में कई साल लगते हैं। इस दौरान किसानों को लगातार पौधों की देखभाल और खेती पर खर्च करना पड़ता है, लेकिन उन्हें तुरंत आमदनी नहीं मिलती।

Grafted Tomato Farming: एक पौधे से 15-20 किलो टमाटर, 6 महीने तक तुड़ाई
झारखंड के कुछ किसान टमाटर की खेती में इस नई तकनीक को अपना रहे हैं। इसमें बैंगन के रूटस्टॉक पर टमाटर का पौधा तैयार किया जाता है। दावा है कि सामान्य टमाटर की तुलना में इस तरीके से फसल को लंबे समय तक चलाया जा सकता है और एक बार लगाए गए पौधे से करीब 6 महीने तक तुड़ाई की जा सकती है।

खेती में 48% महिलाओं की हिस्सेदारी, कमाई से लेकर किसान की पहचान तक कई चौंकाने वाले खुलासे
रिपोर्ट में बताया गया है कि समान आकार के खेतों की तुलना में महिलाओं द्वारा संचालित खेतों की उत्पादकता पुरुषों के खेतों से करीब 24 फीसदी कम हो सकती है। लेकिन इसका कारण महिलाओं की खेती करने की क्षमता नहीं है।

खरीफ सीजन में 1016.57 लाख हेक्टेयर में बुवाई, पिछले साल से 20.95 लाख हेक्टेयर कम
दालों में अरहर का रकबा 40.31 लाख हेक्टेयर रहा, जो पिछले साल के 42.01 लाख हेक्टेयर से 1.69 लाख हेक्टेयर कम है। वहीं उड़द का रकबा 23.52 लाख हेक्टेयर है, जो पिछले साल के 20.79 लाख हेक्टेयर से 2.73 लाख हेक्टेयर ज्यादा है।

खरीफ फसलों की बुवाई में बड़ा बदलाव, चावल से लेकर कपास तक का पूरा आंकड़ा
दालों की खेती का रकबा पिछले साल के 108.49 लाख हेक्टेयर से घटकर 108.14 लाख हेक्टेयर रह गया। यानी 0.35 लाख हेक्टेयर की कमी हुई। कमी वाले राज्यों में कर्नाटक में 4.16 लाख हेक्टेयर, महाराष्ट्र में 2.70 लाख, ओडिशा में 0.64 लाख, तमिलनाडु में 0.13 लाख और बिहार में 0.14 लाख हेक्टेयर की कमी दर्ज की गई।

बिहार के गन्ना किसान शाहजहांपुर में सीखेंगे टिशूकल्चर और सिंगल बड जैसी तकनीकें
बिहार सरकार गन्ने की खेती और चीनी उद्योग को बढ़ावा देने पर भी काम कर रही है। सरकार ने वर्ष 2026-27 के लिए 2.55 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गन्ने की खेती का लक्ष्य रखा है। इससे करीब 1.74 करोड़ टन गन्ना उत्पादन का लक्ष्य है।

यूपी के आलू किसानों के लिए बड़ी राहत, सरकार ने लॉन्च किया नया पोर्टल
सरकार ने आलू के दाम में होने वाले उतार-चढ़ाव को देखते हुए भामाशाह भाव स्थिरता कोष की शुरुआत की है। इसका उद्देश्य बाजार में आलू के भाव में ज्यादा गिरावट आने पर किसानों को राहत देना और उन्हें बेहतर कीमत दिलाने में मदद करना है।

एथेनॉल के लिए मक्का-गन्ने की खेती बढ़ी तो खाद्य सुरक्षा पर पड़ेगा असर? सरकार के सलाहकार ने उठाए सवाल
एथेनॉल बनाने में मक्के का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। लेख के मुताबिक, भारत में बनने वाले एथेनॉल का करीब आधा हिस्सा अब मक्के से आता है, जबकि अनाज से बनने वाले एथेनॉल की हिस्सेदारी करीब 67 प्रतिशत है।
